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नवधा भक्तिक अपूर्व उदाहरण: शबरी माता

नवधा भक्तिक अपूर्व उदाहरण: शबरी माता

स्वाध्याय आलेख – प्रवीण नारायण चौधरी भक्ति भगवान् प्रति पूर्ण समर्पणकेर नाम होइछ। एक सँ बढिकय एक दार्शनिक आ ज्ञानी द्वारा भक्ति पर अपन मत आ विचार राखैत एकरे सर्वोपरि संपत्ति मानल गेल अछि। विभिन्न शास्त्रोक्त गूढ वचन मे अभीष्ट केवल भक्ति प्राप्ति केँ कहल गेल अछि। जखन-जखन साक्षात् परमेश्वर कोनो भक्त पर कृपा करैत […]

धर्म पर विवेकानंद केर विचार: एक अंग्रेजी लेख

धर्म पर विवेकानंद केर विचार: एक अंग्रेजी लेख

Don’t Make a Hotchpotch of Religion: S. Vivekanand With most people religion is a sort of intellectual assent and goes no further than a document. I would not call it religion. It is better to be an atheist than to have that sort of religion. Religion does not depend on our intellectual assent or dissent. […]

श्रीकृष्ण केर जीवनचर्या

श्रीकृष्ण केर जीवनचर्या

विशिष्ट दर्शन (स्रोत: विभिन्न शास्त्रीय संदेश, कल्याण विशेषांक मे संकलित आलेख केर मैथिली अनुवाद) मूल लेखक: श्री लक्ष्मीकान्त त्रिवेदी (अनुवाद: प्रवीण नारायण चौधरी) श्रीकृष्णक नित्य प्रातःक्रिया भगवान्‌ श्रीकृष्ण नित्य प्रातःकाल कोन-कोन क्रिया करैत छलाह, एकर वर्णन भागवतकार द्वारा कैल गेल अछि। भगवान्‌ केर नित्य-क्रिया देखला सँ पता लगैत अछि जे आर्य द्विजातिक आदर्श ओहि समय कि छल और वर्तमान […]

भज गोविन्दं भज गोविन्दं – गोविन्दं भज मूढमते: आध्यात्मिक चिन्तन

भज गोविन्दं भज गोविन्दं – गोविन्दं भज मूढमते: आध्यात्मिक चिन्तन

आध्यत्मिक चर्चा: आत्मीय मंथन अनेक शास्त्रमत मुताबिक प्रत्येक मनुष्यक अन्तकाल अत्यन्त भयावह घड़ी होयबाक तथ्य रखैत छैक, आर एहि लोक मे रहनिहार कोनो प्राणीक अन्त-घड़ीक भयंकर संताप सँ परिचित अछिये। एहेन अवस्था मे केकरा न इच्छा हेतैक जे अपन आराध्यदेव – इष्ट ईश्वर अभीष्ट बनबैत आराम सँ प्राण छोड़ि अन्य लोक लेल प्रस्थान करी। भागवद्गीता एहि […]

गीता ज्ञानक विभिन्न स्रोत: जानकारी स्वाध्याय मे रुचि रखनिहार लेल

गीता ज्ञानक विभिन्न स्रोत: जानकारी स्वाध्याय मे रुचि रखनिहार लेल

माता वनजा रविनायर, मुंबई। अगस्त २२, २०१५. भारतीय दर्शनशास्त्र केर सम्पन्नता विश्व-प्रसिद्ध अछि। मानव हित मे ज्ञान आ आत्मसम्मान लेल स्वाध्यायक आवश्यकता कहल गेल अछि। गीत सर्वश्रेष्ठ शास्त्र स्वाध्याय लेल मानल गेल अछि। जेना महाभारत मे श्रीकृष्ण द्वारा अर्जुन केँ शिक्षा दैत समस्त मानवलोक लेल श्रीमद्भागवद्गीताक प्राकट्य जनैत छी, किछु तहिना अलग-अलग शास्त्र आ समय […]

शिवपूजन विधि – शिवपुराण अनुसार (ब्रह्माजीक शब्दमे)

शिवपूजन विधि – शिवपुराण अनुसार (ब्रह्माजीक शब्दमे)

शिवपूजन केर सर्वोत्तम विधिक वर्णन (अध्याय १३ – संक्षिप्त शिवपुराण – रुद्रसंहिता) ब्रह्माजी कहैत छथि – आब हम पूजाक सर्वोत्तम विधि बता रहल छी, जे समस्त अभीष्ट तथा सुखकेर सुलभ कराबयवाला अछि। देवता एवं ऋषिगण! अहाँ सभ ध्यान दैत सुनू। उपासक केँ चाही कि ओ ब्राह्म मुहूर्तमे शयनसँ उठय आ जगदम्बा पार्वती सहित भगवान्‌ शिवकेर […]

अपन पहिचान: आध्यात्मिक स्वरूप

अपन पहिचान: आध्यात्मिक स्वरूप

स्वाध्याय: श्रीमद्भागद्गीता असल ज्ञान – अपन पहिचान – आध्यात्मिक स्वरूप केर जानकारी लेल निम्न श्लोक पर चिन्तन आ तदनुसार स्वाध्याय करू। स्वामी स्वरूपानन्द संपादित श्रीमद्भागवद्गीताक आधार पर अंग्रेजी व्याख्या आ संग मे श्रीरामानुजभाष्य मे वर्णित व्याख्या सँ अनुदित एहि स्वाध्यायांश सँ समस्त पाठक मे समुचित लाभ पहुँचय। महाभूतान्यहङ्कारो बुद्धिरव्यक्‍तमेव च॥ इन्द्रियाणि दशैकं च पञ्च चेन्द्रियगोचराः॥१३-५॥ […]

दान सुभाषितावली

दान सुभाषितावली

– आचार्य वल्लभदेव (अनुवाद: प्रवीण नारायण चौधरी) यद्ददाति विशिष्टेभ्यो यच्चाश्नाति दिने दिने। तच्च वित्तमहं मन्ये शेषं कस्यापि रक्षति॥ जे विशिष्ट सत्पात्र केँ दान दैत अछि और जे किछु अपन भोजन-आच्छादनमे प्रतिदिन व्यवहृत करैत अछि, ओकरे हम ओहि व्यक्तिक वास्तविक धन या सम्पत्ति मानैत छी, अन्यथा शेष सम्पत्ति तँ केकरो आरक थीक, जेकर ओ मात्र रखवारि टा करैत […]

विश्वव्यापिनी मैथिली: पतिव्रता-सती सीता आ अनुसूयाक स्मृति

विश्वव्यापिनी मैथिली: पतिव्रता-सती सीता आ अनुसूयाक स्मृति

जगज्जननी सीता प्रति भक्ति-भाव सीताक जीवन-चरित्र मानव समुदायकेँ जीवनमे समस्त सद्गुण संग त्याग आ विपत्तिक घडी सेहो धैर्यवान बनैत पूर्णतया अहिंसात्मक भावना एवं सहिष्णुताक व्यवहार करैत सर्वश्रेष्ठ मानव-आचरण केर अनुसरण करब अछि। जे सीता देवी बाललीला करैत खेल-खेलमे शिव-धनुष उठा लेने छलीह, जे शिव-धनुष कदापि श्रीराम (साक्षात्) नारायण छोडि दोसर कियो हिला तक नहि सकलाह…. […]

माँ जगदम्ब आराधना: भक्ति साधना सर्वोपरि

माँ जगदम्ब आराधना: भक्ति साधना सर्वोपरि

स्वाध्याय आलेख शुरु करैत छी एकटा सुन्दर सनक जगदम्बाक प्रार्थना सँ: – मयंक मिश्र, पोखरौनी, मधुबनी द्वारा फेसबुक मार्फत पूर्व मे देल गेल ई सुन्दर भजन: हे जगदम्ब जगत्‌ माँ काली, प्रथम प्रणाम करै छी हे! प्रथम प्रणाम करै छी हे मैया प्रथम प्रणाम करै छी हे! हे जगदम्ब जगत्‌ माँ काली… सुनलौं कतेक अधम […]